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1000 बछड़ों की मां कहलाती है ये जर्मन महिला, इस वजह से छोड़ना पड़ रहा भारत

सुदेवी दासी ने वीजा एक्सटेंशन के लिए मथुरा सांसद हेमा मालिनी से गुहार लगाई है।

DainikBhaskar.com | Last Modified - Apr 01, 2018, 11:37 AM IST

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    जर्मन मूल की महिला सुदेवी दासी, जिन्होंने वीजा एक्सटेंशन को लेकर हेमा मालिनी से गुहार लगाई है।

    मथुरा.बीते 40 साल से यहां सैकड़ों असहाय गायों की सेवा कर रही जर्मन मूल की महिला सुदेवी दासी को अपना गौ प्रेम छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। वजह है वीजा की अवधि समाप्त होना। वीजा एक्सटेंशन को लेकर सरकारी दफ्तरों के चक्कर काट-काटकर थक चुकीं सुदेवी ने अब स्थानीय सांसद हेमा मालिनी से गुहार लगाई है। क्या कहा सांसद ने?...

    - सुदेवी ने वीजा एक्सटेंशन के लिए मथुरा की सांसद हेमा मालिनी से गुहार लगाई है। सांसद हेमा मालिनी ने उनसे कहा है कि वह उनकी वीजा एक्सटेंशन के लिए विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से बात करेंगी।
    - इसके साथ ही सांसद ने उनके गोसेवा के कार्यों की सराहना करते हुआ कहा कि सभी भारतीयों को भी इनसे सीख लेनी चाहिए।

    घूमने आई थी भारत, करने लगीं गौ सेवा

    - विदेशी महिला सुदेवी का जन्म 2 मार्च, 1958 में जर्मन शहर में हुआ था। इनका असली नाम फ्रेडरिक इरिन ब्रूनिग है।
    - 1972 में वे जर्मनी से भारत घूमने आई थी। यहां घूमने के दौरान जब वह ब्रज भूमि आईं, तो उन्होंने सड़क किनारे एक बीमार गाय को तड़पते देखा। यह देख उन्हें काफी तकलीफ हुई। इसके बाद उन्होंने सड़क पर पड़ी गायों की सेवा करने का संकल्प ले लिया।
    - सुदेवी ने कौनहाई गांव में 5 बीघा जमीन किराए पर लेकर ब्रज में सड़क किनारे पड़ी रहने वाली असहाय और बीमार गायों को आश्रय दिया और गोसेवा शुरू कर दी।

    आज इनके गौशाला में 1300 से अधिक बैल-बछड़े
    - वर्तमान में सुदेवी की गौशाला में 1300 से अधिक बैल, बछड़े और वृद्ध गाये हैं। ये किसी न किसी बीमारी या घटना से जख्मी हुई हैं।
    - इनमें से किसी गाय को दिखाई नहीं देता, तो किसी से चला तक नहीं जाता। सुदेवी ऐसी ही गायों का निस्वार्थ भाव से सेवा करती हैं। इन गायों की सेवा के लिए ही इस विदेशी महिला ने खुद को ही समर्पित कर दिया।
    - राधा सुरभि नाम की इस गौशाला में लगभग 60 लोग काम करते हैं। इनके गौ प्रेम को देख लोग इन्हें बछड़ों की मां तक कहने लगे हैं। आसपास के लोगों ने भी भारत सरकार से इनकी वीजा अवधि बढ़ाने की अपील की है।

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    राधा सुरभि गौशाला में बछड़ों के साथ सुदेवी दासी।
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    राधा सुरभि गौशाला में बछड़ों के साथ सुदेवी दासी।
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    राधा सुरभि गौशाला में बछड़ों के साथ सुदेवी दासी।
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    सुदेवी दासी
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