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1st वीमेन फाइटर पायलट से इशांत की साली तक, ऐसी हैं ये सुपरगर्ल

यूपी दिवस का आगाज 24 जनवरी से हो गया है। बुधवार को उपराष्ट्रपति वैंकेया नायडू ने दीप प्रज्वलित कर इसका उद्धाटन किया।

DainikBhaskar.com | Last Modified - Jan 24, 2018, 03:45 PM IST

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    इंडियन बास्केटबॉल प्लेयर प्रशांति सिंह को अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है।

    वाराणसी (यूपी).आज से यानि 24 जनवरी से यूपी दिवस का आगाज हो गया है। राजधानी लखनऊ सहित यूपी के सभी जिलों में प्रदेश की सांस्कृतिक धरोहरों और परम्पराओं को बढ़ावा देने वाले प्रोग्राम ऑर्गनाइज किए गए। इस मौके पर DainikBhaskar.com आपको यूपी की उन बेटियों से रूबरू करा रहा है, जिन्होंने नेशनल और इंटरनेशनल लेवल पर प्रदेश के लोगों को प्राउड फील कराया।

    प्रशांति सिंह - बास्केटबॉल प्लेयर


    - इंडियन बास्केटबॉल प्लेयर प्रशांति सिंह को खेल के क्षेत्र में मिलने वाले देश के बड़े सम्मान अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है।

    - यूपी से ये अवॉर्ड पाने वाली प्रशांति पहली महिला बास्केटबॉल खिलाड़ी हैं।

    - बता दें, प्रशांति का जन्म वाराणसी में हुआ था। प्रशांति सिंह क्रिकेटर इशांत शर्मा की साली हैं। इशांत की शादी प्रतिमा सिंह से हुई है।

    - प्रशांति सिंह वाराणसी के सिंह सिस्टर्स घराने की पांच बहनों में तीसरे नंबर पर हैं।

    - पांचों बहनों में प्रियंका, दिव्या, प्रशांति, प्रतिमा और आकांक्षा बास्केटबॉल खिलाड़ी हैं।

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    शि‍वांगी सिंह इंडियन एयरफोर्स में फाइटर प्लेन उड़ाने वाली यूपी की पहली महिला फाइटर पायलट बनीं।

    शिवांगी सिंह


    - बनारस की रहने वाली शि‍वांगी सिंह इंडियन एयरफोर्स में फाइटर प्लेन उड़ाने वाली यूपी की पहली महिला फाइटर पायलट बनीं।
    - 16 दिसंबर को शिवांगी को हैदराबाद में फर्स्ट फेज की ट्रेनिंग पूरी होने पर फाइटर पायलट ऑफिसर का पद मिला था।
    - बता दें, शि‍वांगी की पढ़ाई काशी के सेंट जोसेफ स्कूल से हुई। इसके बाद सनबीम वीमेंस कॉलेज से ग्रैजुएशन किया। फि‍र बीएचयू में एनसीसी में एडमिशन लिया।

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    इंडि‍यन टीम की वीमेन क्रिकेटर दीप्ति शर्मा आगरा की रहने वाली हैं।

    दीप्ति शर्मा - क्रिकेटर


    - इंडि‍यन टीम की वीमेन क्रिकेटर दीप्ति शर्मा आगरा की रहने वाली हैं।
    - दीप्ति ने 2014 में इंडियन वुमेन्स क्रिकेट टीम में एंट्री की।
    - ऑलराउंडर का दीप्ति ने आईसीसी वुमेंस वर्ल्‍ड कप 2017 में धमाल मचा दिया था।
    - दीप्ति ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए महिला वनडे क्रिकेट धुआंधार पारी खेलते हुए इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज कर दिया।
    - दीप्ति ने दक्षिण अफ्रीका में खेली जा रही चतुष्कोणीय सीरीज में आयरलैंड के खि‍लाफ 188 रन बनाकर अंजाम दिया। यह अब तक किसी भी भारतीय महिला खिलाड़ी का सबसे बड़ा निजी वनडे स्कोर था।
    - साथ ही महिला क्रिकेट में यह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अब तक की दूसरी सबसे बड़ी वनडे पारी है।
    - महिला क्रिकेट में सबसे बड़ी पारी का रिकॉर्ड ऑस्ट्रेलिया की बेलिंडा क्लार्क के नाम दर्ज है, जिन्होंने 1997 में डेनमार्क के खि‍लाफ 229 रन बनाए थे।
    - बता दें, सचिन तेंदुलकर ने ट्वीट करके दीप्ति की तारीफ की थी। सचिन ने अपने ट्वीट में दीप्ति के भाई सुमित शर्मा के योगदान का भी जिक्र किया है। उन्‍होंने सुमित के योगदान को अपने करियर में बड़े भाई अजीत तेंदुलकर के योगदान के बराबर माना।

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    एवरेस्‍ट फतह करने वाली दिव्‍यांग अरुणिमा सिन्‍हा को पद्मश्री से सम्‍मानित किया जा चुका है।

    अरुणि‍मा सिन्हा - वॉलीबॉल प्लेयर


    - 1988 में यूपी के अंबेडकरनगर में जन्‍मी अरुणिमा सिन्‍हा वॉलीबॉल खिलाड़ी रह चुकी हैं।
    - 11 अप्रैल 2011 को दिल्ली जाते समय एक ट्रेन हादसे में अरुणिमा को अपना एक पैर खोना पड़ा।
    - एवरेस्‍ट फतह करने वाली दिव्‍यांग अरुणिमा सिन्‍हा को पद्मश्री से सम्‍मानित किया जा चुका है।
    - 2016 में अमेरिका की फेमस मैगजीन फोर्ब्‍स के एशियन संस्‍करण में टॉप 30 प्रतिभाशाली युवाओं की लिस्‍ट में स्‍पोर्ट्स कैटेगरी में अरुणि‍मा को शामिल किया गया था।

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    नाजिया को इस रिपब्लिक डे पर राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार के भारत अवॉर्ड के लिए चुना गया।

    नाजि‍या

    - आगरा के रहने वाली नाजिया को इस रिपब्लिक डे पर राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार के भारत अवॉर्ड के लिए चुना गया।
    - नाजि‍या ने साहस दिखाते हुए छह साल की बच्ची को किडनैपर्स से बचाया था और अपने इलाके में चल रहे जुए के कारोबार को बंद करवा दिया।
    - इसके बाद उन्हें दबंगों का टॉर्चर भी झेलना पड़ा, लेकिन हिम्मत न हारते हुए उन्होंने अपने हौसले बुलंद रखे।
    - अब पीएम नरेंद्र मोदी उन्हें सम्मानित करेंगे।

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    दिव्या सिंह मार्च 2006 में मेलबर्न में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में नेशनल वुमेन बास्केबॉल टीम की कैप्टन रहीं।

    दिव्या सिंह - बास्केटबॉल प्लेयर

    - दिव्या सिंह मार्च 2006 में मेलबर्न में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में नेशनल वुमेन बास्केबॉल टीम की कैप्टन रहीं।
    - सितंबर 2006 में वो थाइलैंड में हुए इंटरनेशनल टूर्नामेंट में नेशनल टीम का हिस्सा रहीं और टीम को गोल्ड मेडल जितवाया।
    - 2007 में इंचियॉन, साउथ कोरिया में हुए फीबा एशिया चैंपियनशिप में विनर रही इंडियन वुमेन टीम का हिस्सा रहीं।

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    अल्का तोमर ने 2010 कामनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल हासि‍ल किया।

    अल्का तोमर - रेसलर

    - यूपी के मेरठ की रहने वाली अल्का तोमर रेसलिंग के क्षेत्र में अजुर्न अवॉर्ड (2008) प्राप्त करने वाली यूपी की पहली महिला हैं।
    - 2010 कामनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल हासि‍ल किया। अब तक 19 मेडल जीत चुकी हैं।
    - अल्का के पिता नयन सिंह तोमर रेसलर रहे हैं, जिनकी प्रेरणा पाकर ही वह रेसलर बनीं।

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    योगिता रघुवंशी देश की पहली इंटर-स्टेट महिला ट्रक ड्राइवर हैं।

    योगिता रघुवंशी - इंडिया की पहली महिला ट्रक ड्राइवर

    - यूपी में जन्मी और महाराष्ट्र में पली-बढ़ी योगिता रघुवंशी देश की पहली इंटर-स्टेट महिला ट्रक ड्राइवर हैं। वो यह काम पिछले 17 साल से कर रही हैं।
    - वो एक क्वालिफाइड लॉयर हैं। उनकी शादी मध्य प्रदेश में एक हाई कोर्ट के वकील से तय हुई थी। शादी के बाद उन्हें पता चला कि उनसे झूठ कहा गया है। उनके पति हाई कोर्ट में नहीं, बल्कि लोअर कोर्ट में वकील थे। इसके बावजूद उन्होंने शादी को स्वीकार किया। वो दो बेटियों की मां भी हैं।
    - साल 2000 में जब उनके हसबैंड की एक रोड एक्सीडेंट में मौत हो गई, तो उन्होंने ड्राइविंग को पेशा बनाने की ठानी। उनका मानना था कि एक जूनियर वकील की सैलरी में वो दो बेटियों की जिम्मेदारी नहीं उठा पाएंगी।
    - वो अब तक 8 लाख किमी से ज्यादा का सफर बतौर ट्रक ड्राइवर पूरा कर चुकी हैं। वो बिना किसी हिचक शराब के कन्साइन्मेंट भी एक स्टेट से दूसरे स्टेट लेकर जाती हैं।

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Web Title: These Girls Make Uttar Pradesh Proud
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