Hindi News »Uttar Pradesh »Varanasi» Woman Alleges Negligence On BHU Doctors

मेरे पेट को इतनी बार चीरा गया, दर्द से नहीं होती जीने की इच्छा

वाराणसी. एक महिला ने बीएचयू के डॉक्टरों पर ऑपरेशन के बाद पांच निडिल उसके पेट में छोड़ देने का आरोप लगाया है।

DainikBhaskar.com | Last Modified - Feb 10, 2018, 05:47 PM IST

  • मेरे पेट को इतनी बार चीरा गया, दर्द से नहीं होती जीने की इच्छा
    +3और स्लाइड देखें
    महिला ने डॉक्टरों पर लगाया पेट में निड‍िल छोड़ देने का आरोप।

    वाराणसी (यूपी).यहां एक महिला रीना द्व‍िवेदी ने बीएचयू के दो डॉक्टरों पर ऑपरेशन के बाद पेट में निडि‍ल छोड़ देने का आरोप लगाया है। महिला का कहना है कि मेरे पेट को इतनी बार चीर दिया गया है कि दर्द से अब जीने की इच्छा नहीं होती। बता दें, मामले में डीएम ने संज्ञान लेते हुए कार्रवाई का आदेश दिया, जिसके बाद लंका थाने में तीन आरोपी डॉक्टरों के खि‍लाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

    5 साल पहले हुअा पहला ऑपरेशन, पेट में छोड़ दी रुई

    - पति विकास ने बताया, ''मेरी शादी अप्रैल 2011 में बिहार मोहनिया की रेनू से हुई। जनवरी 2013 में बड़े बेटे अनंत का जन्म ऑपरेशन से हुआ।

    - कुछ महीने बाद पत्नी को पेट में दर्द शुरू हुआ, बीएचयू दिखाया तो जांच में पता चला रुई अंदर छूट गई है। जुलाई 2013 में दूसरा ऑपरेशन करवाकर रुई नि‍काली गई।

    - 18 जून 2015 को दूसरा बेटा अभिज्ञान बीएचयू में ही ऑपरेशन से पैदा हुआ। यहां तक तो सब कुछ ठीक था।

    नसबंदी के ऑपरेशन में पेट में छोड़ दी नीडि‍ल

    - 10 फरवरी 2017 को फैमि‍ली प्लानिंग के तहत नसबंदी के लिए फिर से बीएचयू गए। ऑपरेशन के बाद सब कुछ ठीक था।
    - एक महीने बाद पेट में दर्द शुरू हुआ, फिर बीएचयू दिखाया और अप्रैल मई 2017 तक दवा खाई।
    - नवंबर लास्ट में काफी दर्द पेट में शुरू हो गया, बीएचयू में डॉ. पुनीत और एसके खन्ना को दिखाया।

    - 30 नवंबर 2017 को उन्होंने फिर से बिना एक्स-रे ऑपरेशन किया और पेट से दो निडिल निकाली।

    एक्स-रे में अभी भी दिख रही न‍िड‍िल

    - जनवरी 2018 में फिर से असहनीय पेट में दर्द शुरू हुआ और एक्स-रे में पहले तीन निडिल दिखा फिर बैक में एक निडिल और एक्स-रे में दिखा।

    - 30 जनवरी को वहीं दोनों डाक्टरों ने फिर से ऑपरेशन किया, जो असफल रहा।

    मेरे पेट को इतनी बार चीरा गया, दर्द से अब जीने की इच्छा नहीं होती

    - पीड़ित महिला रीना ने बताया, ''डॉक्टरों ने ओटी में ही मुझसे कहा- पेट का निडिल अब नहीं निकल सकता, मसल्स में अंदर है। कोई प्रॉब्लम नहीं होगी।''

    - रीना ने बताया मेरे पेट को इतनी बार चीर दिया गया है कि दर्द से अब जीने की इच्छा नहीं होती।

    - डाक्टरों ने 30 नवंबर 2017 को बिना एक्स-रे किए ऑपरेशन केरके दो निडिल निकाल दिया था। मुझे लगता है कि फरवरी में जो ऑपरेशन नसबंदी के दौरान हुआ था, तभी से मेरे पेट में निडिल है।

    क्या कहते हैं जिम्मेदार ?

    - डॉक्टरों की लापरवाही और इंसाफ के लिए पीड़ित पति विकास ने लंका थाने में डॉ. पुनीत और डॉ. एसके खन्ना के खिलाफ रिपोर्ट लिखवाई है।

    - एसओ संजीव मिश्रा ने बताया, मेडिकल काउंसिल एक्ट के तहत तहरीर की कॉपी सीएमओ को भेजी गई है। उनकी रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। उनके एक्सपर्ट बताएंगे कि निडिल है या नहीं और कब से है।

    - एमएस ओपी उपाध्याय का कहना है कि उनके पास ऐसी कोई जानकारी नहीं आई है।

  • मेरे पेट को इतनी बार चीरा गया, दर्द से नहीं होती जीने की इच्छा
    +3और स्लाइड देखें
    पति ने इंसाफ के लिए लंका थाने में ल‍िखवाई रिपोर्ट।
  • मेरे पेट को इतनी बार चीरा गया, दर्द से नहीं होती जीने की इच्छा
    +3और स्लाइड देखें
    महिला ने एक्स-रे में दिखाई पेट में दिख रही न‍िड‍िल।
  • मेरे पेट को इतनी बार चीरा गया, दर्द से नहीं होती जीने की इच्छा
    +3और स्लाइड देखें
    महिला ने कहा- दर्द की वजह से अब जीने की इच्छा नहीं होती।
आगे की स्लाइड्स देखने के लिए क्लिक करें
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Varanasi

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×