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ISIS की खूंखार महिला लीडर, जिसने की थीं 5 शादियां:100 से अधिक लड़कियों-बच्चों को सिखाया हथियार चलाना, उड़ाना चाहती थी यूनिवर्सिटी और शॉपिंग मॉल

वॉशिगटन4 महीने पहले
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अमेरिकी महिला एलिसन फ्लूक-एकरेन ने अब जाकर माना है कि उसने सीरिया में ISIS की महिला मिलिट्री ग्रुप को लीड किया था। और वो वहां आर्म्स की ट्रेनिंग देती थी। एलिसन को पिछले साल अक्टूबर में ही दोषी पाया गया था और 20 साल की सजा सुनाई गई थी। हालांकि एलिसन ने नॉर्दन वर्जिनिया के फेडरल कोर्ट में याचिका दायर किया है। वहीं उसके परिवार ने अदालत से उनसे संपर्क करने पर प्रतिबंध लगाने की अपील की है।

IS की खूंखार आंतकी एलिसन फ्लूक-एकरेन कौन है

अमेरिकी जस्टिस डिपॉर्टमेंट के अनुसार, 42 साल की एलिसन फ्लूक-एकरेन कंसास में रहती थी। वो एक मां होने के साथ ही स्कूल टीचर भी थी। लेकिन बाद में आईएसआईएस की लीडर बन गई। एलिसन ने 2011 में आंतकी ग्रुप के साथ काम करने के लिए अमेरिका छोड़ दिया और पहले लीबिया फिर सीरिया में उनके साथ काम किया।

एलिसन ने पांच शादियां की और सभी ISIS से जुड़े थे

बीबीसी की एक रिपोर्ट की माने तो 2012 के आसपास वो अपने पति के साथ सीरिया चली गई जो आईआईस का स्नाइरपर था। वह बाद में एक हवाई हमले में मारा गया। माना जाता है कि उसकी मौत के बाद एलिसन ने एक बांग्लादेशी ISIS सदस्य से शादी की, जो ड्रोन बनाने में माहिर था। साल 2016 के आखिर या 2017 की शुरुआत में वो भी मारा गया। उसने तीसरी बार शादी की, और उसके आखिरी पति के बारे में माना जाता था कि वह सीनियर आईएसआईएस कमांडर था। लेकिन एक और रिपोर्ट में कहा गया है कि उसने पांच बार शादी की और उसके पांच बच्चे हैं।

ISIS में खतीबा नुसायबाह लीडर के नाम से फेमस

एलिसन ने सीरिया में ISIS बटालियन में महिलाओं की ग्रुप खतीबा नुसायबाह की लीडर थी। उसे उम्म मोहम्मद अल-अमरीकी के नाम से भी जाना जाता था। उसने महिलाओं को एके-47 और विस्फोटक डिवाइस चलाना सिखाया है। अधिकारियों के अनुसार, मुख्य जिम्मेदारी महिलाओं, बच्चों को एके -47 राइफल और हथगोले से लेकर आत्मघाती जैकेट तक हथियारों का इस्तेमाल करना सिखाना था। सरकारी वकील का कहना है कि एलिसन ने 10-11 साल की लड़कियों समेत 100 से अधिक महिला और युवा लड़कियों को सीरिया में मिलिट्री ट्रेनिंग दी है।

कोर्ट में बच्चों को ट्रेनिंग देने से किया इनकार

वर्जिनिया कोर्ट में एलिसन ने अपना जुर्म कबूलते हुए कहा कि उसने महिला और लड़कियों को ट्रेनिंग दी है। लेकिन उसने बच्चों को कभी ट्रेनिंग नहीं दी है। साथ ही उसने ये भी कहा कि 'हमने जानबूझकर किसी युवा लड़की को प्रशिक्षित नहीं किया।' हालांकि उसने जिन महिलाओं को ट्रेनिंग दी है, उनमें से कुछ सजा की सुनवाई में उसके खिलाफ गवाही देने को तैयार हैं। सरकारी वकील ने कहा कि उसके दिमाग में इतना ज्यादा जहर भर दिया गया था कि जब उसे 1 से 10 के पैमाने पर नापा गया तो नतीजा 10 से भी ज्यादा 11 और 12 तक आया।

पति-पत्नी ने मिलकर चुराया था अमेरिकी डॉक्यूमेंट

सरकारी वकील के अनुसार, 2011 और 2019 के बीच वो सीरिया, लीबिया और इराक में आतंकवाद से संबंधित गतिविधियों का हिस्सा रही। एलिसन दूसरा पति आतंकवादी समूह अंसार अल-शरिया का हिस्सा था। दोनों पति-पत्नी ने 11 सितंबर 2012 में लीबिया के बेंगाजी में हमला कर अमेरिकी दस्तावेज चुराए थे। फिर उसे अंसार अल-शरिया के प्रमुख को दे दिया। एलिसन का पति बाद में एक हवाई हमले में मारा गया।

अमेरिका पर हमला करने की जताई थी इच्छा

वर्जिनिया में FBI की तरफ से फाइल केस के अनुसार, एलिसन ने 2014 में एक गवाह को बताया था कि उसे अमेरिकी बिल्कुल पसंद नहीं और वो वहां के यूनिवर्सिटी, शॉपिंग मॉल को उड़ाना चाहती थी। इस बात को भी उसने कोर्ट में स्वीकारा। अपनी प्लानिंग के बारे में बात करते हुए एलिसन ने कहा था वो अमेरिका में एक शॉपिंग मॉल में जाएगी और पार्किंग गैरेज में विस्फोटकों से भरी गाड़ी पार्क करेगी। फिर एक सेलफोन ट्रिगरिंग डिवाइस की मदद से गाड़ी को उड़ा देगी।

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