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महिलाओं पर कांग्रेस की नजर:प्रियंका गांधी यूपी के चुनावी मैदान में एक्टिव, ऐसी है महिला ब्रिगेड को लेकर तैयारी

नई दिल्लीएक महीने पहलेलेखक: वरुण शैलेश
महिला मुद्दे पर फोकस
  • महिलाओं को अपनी ओर खींचना प्रियंका की रणनीति
  • कांग्रेस नेता बोलीं-प्रियंका का महिलाओं पर फोकस

उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव सिर पर हैं और कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी के इसमें चुनाव लड़ने की सुगबुगाहट हो रही है। सूबे की महिलाओं पर कांग्रेस और प्रियंका गांधी की नजर है। उनको लुभाने के लिए पार्टी खास रणनीति पर काम कर रही है। इसके लिए पार्टी ने प्रियंका गांधी के चेहरे को सामने किया है। साथ ही प्रियंका सूबे में नीचे से लेकर ऊपर तक महिला ब्रिगेड को तैयार करने में जुटी हुई हैं ताकि महिलाएं उनसे जुड़ाव महसूस करें। कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के अमेठी या रायबरेली से चुनाव लड़ने की संभावना जताई जा रही है। दैनिक भास्कर ने इस मौके पर प्रदेश में कांग्रेस के युवा और महिला नेताओं से बातचीत की। इनका कहना है कि प्रियंका का फोकस फिलहाल ब्लॉक लेवल से लेकर स्टेट लेवल महिला नेताओं की मजबूत टीम बनाने पर हैं। पार्टी की एक नेता ने बुधवार को बताया कि कांग्रेस आज नहीं, हमेशा से ही महिलाओं को लेकर संवेदनशील रही है। और प्रियंका गांधी के राजनीति में आने से महिला नेता पार्टी के कामकाज में काफी कम्फर्टेबल महसूस करती हैं। प्रियंका की टीम से उन्हें कई अहम जिम्मेदारियां भी सौंपी जा रही हैं। आने वाले समय में कांग्रेस महिलाओं से राजनीति में उनके लिए जरूरी मुद्दों पर चर्चा और इसे अपने मेनिफेस्टो में शामिल भी कर सकती है।

कांग्रेस सोशल मीडिया डिपार्टमेंट की वाइस चेयरपर्सन पंखुड़ी पाठक ने कहा कि महिला मुख्यमंत्री या नेता होने से इस बात की संभावना हमेशा ज्यादा रहती है कि वो महिलाओं के प्रति अधिक संवेदनशील होंगी। महिला नेता, फीमेल की समस्या को सही तरीके समझती हैं। कांग्रेस में हमेशा इंदिरा और सोनिया गांधी जैसी बड़ी महिला नेता प्रमुख पदों रही हैं। पार्टी के पास महिलाओं को लेकर एक विजन रहा है।

महिलाओं की आवाज उठाई

पंखुड़ी पाठक ने कहा कि उत्तर प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ जितनी भी घटनाएं हुईं, उसे लेकर सबसे पहले प्रियंका गांधी मौके पर पहुंचीं। आवाज उठाई, चाहे वो हाथरस गैंगरेप का मसला हो या सोनभद्र में आदिवासियों की हत्या या सीएए के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान मुस्लिम महिलाओं का मामला, सब जगह प्रियंका गांधी पहुंचीं और उनका दर्द का साझा किया। योगी आदित्यनाथ की सरकार ने कांग्रेस महासचिव को हाथरस पहुंचने से रोकने के लिए पूरा दमखम लगाया, फिर भी प्रियंका गांधी पहुंचीं।

पंखुड़ी पाठक ने कहा कि अभी हाल में लखीमपुर की रितु सिंह ने कांग्रेस की सदस्यता ली। रितु सपा की ब्लॉक प्रमुख उम्मीदवार थीं और पंचायत चुनाव में वो हिंसा की शिकार हुई थीं, उनके साथ अभद्रता हुई। प्रियंका गांधी उनसे मिलने के लिए लखीमपुर पहुंच गईं। उन्होंने सवाल किया कि क्या हिंसा की शिकार रहीं रितु से मिलने और उनकी आवाज उठाने के लिए सपा प्रमुख अखिलेश यादव खड़े हुए? नहीं, लेकिन प्रियंका गांधी उनके साथ खड़ी हुईं। इससे साफ है कि प्रियंका गांधी की प्राथमिकता में क्या है? वे महिलाओं की लोकतंत्र में भागीदारी बढ़ाने की प्रमुख आवाज हैं, उत्तर प्रदेश की महिलाएं उन्हें पूरी उम्मीद की नजरों से देख सकती हैं।

मेनिफेस्टो में महिलाओं के सवाल

कांग्रेस नेता ने कहा कि मेनिफेस्टो कमेटी में पार्टी प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत शामिल हैं, वो महिलाओं से मिलकर उनके सवाल को शामिल कर रही हैं। कांग्रेस प्रवक्ता की लिस्ट उठा लीजिए, वहां महिला प्रवक्ता ही बीजेपी प्रवक्ताओं से लड़ रही हैं। पंखुड़ी पाठक ने कहा कि प्रियंका गांधी ने करिश्मा ठाकुर को पिछले चुनाव में कानुपर के गोविंदपुर से चुनाव लड़ने का मौका दिया। तब करिश्मा ठाकुर की उम्र कोई 26 साल रही होगी। उनका प्रयास है कि महिलाओं को ज्यादा से ज्यादा आगे बढ़ाया जाए। आराधना मिश्रा मोना को कांग्रेस का सीएलपी नेता चुना गया। हालांकि यूपी में कांग्रेस का महिलाओं को टिकट देने को लेकर क्या प्लान है? इस पर कोई ब्योरा देने से कांग्रेस नेता ने मना कर दिया।

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