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अमेरिका में शटडाउन खत्म, डेमोक्रेट्स और रिपब्लिकन्स में बनीं बिल को लेकर सहमति

20 जनवरी को सीनेट के बीच शार्ट टर्म स्पेंडिंग बिल पर सहमति नहीं बन पाई थी, जिसके बाद सरकार हड़ताल पर थी।

Danik Bhaskar

Jan 23, 2018, 02:18 PM IST
डेमोक्रेट्स और रिपब्लिकन्स में सहमति के बाद ट्रम्प ने मंगलवार शॉर्ट टर्म स्पेंडिंग बिल साइन किया। डेमोक्रेट्स और रिपब्लिकन्स में सहमति के बाद ट्रम्प ने मंगलवार शॉर्ट टर्म स्पेंडिंग बिल साइन किया।

वॉशिंगटन. अमेरिका में 3 दिन तक चला शटडाउन (हड़ताल) मंगलवार को खत्म हो गया। रिपब्लिकन्स और डेमोक्रेट्स के बीच हुए समझौते के बाद प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रम्प ने सरकार के लिए एक शॉर्ट टर्म फंडिंग बिल साइन किया। इसी के साथ मंगलवार से सभी सरकारी सर्विसेज दोबारा शुरू हो जाएंगी। बता दें कि 20 जनवरी को अमेरिकी संसद में इसी शॉर्ट टर्म स्पेंडिंग बिल (सरकारी खर्च को लेकर विधेयक) को लेकर सीनेट में सहमति नहीं बन पाई थी, जिसके बाद ट्रम्प सरकार ऑफिशियली शट-डाउन पर चली गई थी। इसकी वजह से कई फेडरल इम्प्लाॅइज शनिवार से ही बिना सैलरी के रहने को मजबूर थे।

बड़े मार्जिन से पास हुआ बिल

- हालांकि, मंगलवार को रिपब्लिकन्स और डेमोक्रेट्स की मीटिंग के बाद सीनेट और हाउस दोनों में बिल बड़े मार्जिन से पास हो गया। बताया जा रहा है कि सरकार ने डेमोक्रेट्स को अमेरिका में रह रहे लाखों इलीगल इमिग्रेंट्स के भविष्य को सुरक्षित करने की बात कही है।
- स्पेंडिंग बिल को सीनेट 81-18 और हाउस ऑफ रिप्रेंजेटेटिव्स में 266-150 के मार्जिन से पास किया गया।

ट्रम्प ने जारी किया स्टेटमेंट

- ट्रम्प ने अपने स्टेटमेंट में कहा, “मैं खुश हूं कि कांग्रेस में बैठे डेमोक्रेट्स होश में आए और देश की मिलिट्री, बॉर्डर पैट्रोल और अपने बच्चों के इन्श्योरेंस को फंड करने के लिए तैयार हुए।”
- ट्रम्प ने कहा कि वो इमिग्रेशन पर लॉन्ग टर्म डील तभी करेंगे अगर वो देश के लिए अच्छी हुई। सरकार की फंडिंग शुरू होने के बाद ट्रम्प ने इस समस्या को निपटाने की भी बात कही।

नहीं बदलेगा सरकार का रुख

- व्हाइट हाउस प्रेस सेक्रेटरी सारा सैंडर्स के मुताबिक, डेमोक्रेट्स को ये अहसास हो गया था कि उन्होंने जो स्टैंड लिया वो कितना गलत था। इसी के साथ उन्हें ये भी मालूम है कि मिलिट्री, बाॅर्डर पैट्रोल और बच्चों के इन्श्योरेंस के लिए फंडिंग कितनी जरूरी है।
- सैंडर्स ने कहा, “अगर लोग देश के बॉर्डर सुरक्षित नहीं चाहते, अगर वो माइग्रेशन और वीजा लॉटरी सिस्टम की परेशानियां नहीं खत्म करना चाहते तो ये एक बड़ी परेशानी है और ऐसी घटना भविष्य में भी हो सकती हैं। इन मामलों में ट्रम्प सरकार का रुख नहीं बदलेगा।”

पहले क्यों नहीं पास हुआ था बिल?

सीनेट में बिल के समर्थन में 50 वोट पड़े। विपक्ष में 48 वोट पड़े। जबकि बिल पास होने के लिए 60 वोटों की जरूरत थी। इससे पहले प्रतिनिधि सभा में यह विधेयक आसानी से पारित हो गया था, पर सीनेट में रिपब्लिकन की बहुमत के बावजूद बिल नहीं पास हो सका। रिपब्लिकन और डेमोक्रेट के 5-5 सीनेटर बिल के विरोध में थे। वहीं, रात में 12 बजने के कारण भी आगे की चर्चा नहीं हो सकी।

क्यों बिल का विरोध कर रहे थे डेमोक्रेट्स?

- डेमोक्रेट्स का आरोप था कि ट्रम्प सरकार (रिपब्लिकन्स) इलीगल इमिग्रेंट्स को लेकर कई अलग-अलग पॉलिसीज बना रहे हैं। इन्हीं पॉलिसीज के विरोध में डेमोक्रेट्स ने सरकार के शॉर्ट टर्म स्पेंडिंग बिल को खारिज कर दिया था।
- डेमोक्रेट्स की मांग थी कि 7 लाख ‘ड्रीमर्स' को देश से ना निकाला जाए और उनका भविष्य सुरक्षित किया जाए। हालांकि, ट्रम्प उनकी मांगों को मानने के लिए तैयार नहीं थे।

क्या है ड्रीमर्स?

'डिफर्ड एक्शन फॉर चिल्ड्रन अराइवल' (डीएसीए) योजना को 'ड्रीमर्स' भी कहते हैं। इसे 2012 में ओबामा ने शुरू किया था। इसमें अमेरिका पहुंचे बच्चों को अस्थायी रूप से रहने, पढ़ने और काम करने का अधिकार दिया गया है।

इन विभागों पर पड़ा था बंद का असर

- हाउसिंग, एनवायर्नमेंट, एजुकेशन और कॉमर्स आदि विभागों की छुट्‌टी घोषित की गई थी। इसके अलावा ट्रेजरी, डिफेंस, ट्रांसपोर्ट्स, स्वास्थ्य विभागों में आधे से ज्यादा कर्मचारियों को घर पर बैठना पड़ा था।

पहले कब हुए था शट डाउन?

- इससे पहले अक्टूबर, 2013 में 16 दिन की हड़ताल हुई थी।
- जनवरी, 1996 में 21 दिन का शट डाउन हुआ था।
- हालांकि अमेरिकी इतिहास में ये पहला मौका है जब कांग्रेस के दोनों सदनों (हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव और सीनेट) और व्हाइट हाउस में एक पार्टी काबिज है।

3 दिनों से शटडाउन (हड़ताल) पर थी अमेरिकी सरकार। 3 दिनों से शटडाउन (हड़ताल) पर थी अमेरिकी सरकार।
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