• Home
  • International
  • President of south africa Ramaphosa leads Gandhi Walk for creating awareness among people
--Advertisement--

जोहानिसबर्ग के लेनासिया में गांधी वॉक, साउथ अफ्रीका के इतिहास में पहली बार राष्ट्रपति ने किसी वॉक में हिस्सा लिया

राष्ट्रपति समेत 5 हजार लोगों ने वॉक में हिस्सा लेकर स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

Danik Bhaskar | Apr 16, 2018, 01:07 PM IST
राष्ट्रपति सायरिल रामाफोसा ने गांधी वॉक में हिस्सा लेकर शुभारंभ किया। राष्ट्रपति सायरिल रामाफोसा ने गांधी वॉक में हिस्सा लेकर शुभारंभ किया।

जोहानिसबर्ग. साउथ अफ्रीका के दक्षिणी जोहानिसबर्ग में स्थित लेनासिया टाउन में रविवार को 33वीं गांधी वॉक में 5 हजार लोग शामिल हुए। इसकी खास बात यह रही कि साउथ अफ्रीका के इतिहास में पहली बार राष्ट्रपति ने किसी वॉक में हिस्सा लिया। वॉक का आयोजन करने वाली गांधी वॉक कमेटी के चेयरमैन अमित प्रभुचरण ने बतया कि वाॅक का शुभारंभ राष्ट्रपति रामाफोसा ने किया। इसमें स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।

मुझे आमंत्रित करने के लिए शुक्रिया: रामाफोसा
- राष्ट्रपति रामाफोसा ने कहा, "मुझे गांधी वॉक के लिए आमंत्रित कर हिस्सा लेने का मौका देने के लिए शुक्रिया।'' उन्होंने पड़ोस में गांधी की वेशभूषा में खड़े पीताम्बर की ओर इशारा करते हुए कहा कि 'महात्मा गांधी' के पास खड़े होकर मुझे शानदार अनुभूति हो रही है।

- राष्ट्रपति के प्रवक्ता खुशेला डिको ने कहा, "सालों से हमारे पास बड़ी संख्या में सेलेब्रिटी और लीडर रहे। हमें स्टेट हेड के रूप में महान अदीबा (नेल्सन मंडेला) जैसों का अशीर्वाद मिला। हालांकि, ऐसा पहली बार हो रहा है कि स्टेट का हेड किसी असल वॉक में हिस्सा ले रहा है।''


वॉक की थीम "गो ग्रीन' रही
- गांधी वॉक के 33वें संस्करण की थीम 'गो ग्रीन' रही। इसमें कई देशों के धावकों समेत सभी उम्र वर्ग के नागरिकों और दिव्यांगों ने हिस्सा लिया।

- इस आयोजन को 6 और 12 किलोमीटर वर्ग में किया गया। यहां हेल्थ चेकअप की सुविधा भी उपलब्ध रही।
- आयोजन में खास तौर से भारत की साउथ अफ्रीका में हाईकमिश्नर रुचिरा कंबोज, अमेरिकी सिविल राइट एक्टिविस्ट रेवरेंड जेस जैक्सन, गांधी के वेशभूषा में रहने के कारण विख्यात हर्षवर्धन पीताम्बर मौजूद रहे।

नया गांधी हॉल बनाने के लिए की थी वॉक की शुरुआत
- वॉक की शुरुआत 33 साल पहले लेनासिया में गांधी हॉल बनाने के लिए फंड जुटाने के लिए की गई थी। कुछ साल पहले हॉल बनकर तैयार हो चुका है।

- बता दें कि असल गांधी हॉल जोहानिसबर्ग में था। जिसे भारतीयों को वहां से जबरन लेनासिया भेजने के दौरान गोरों ने ध्वस्त कर दिया था। उस हॉल में महात्मा गांधी ने स्थानीय लोगों के साथ कई बैठकें की थीं। उन्होंने लोगों को भेदभाव करने वाले कानून के खिलाफ लड़ने के लिए प्रेरित किया था।

साउथ अफ्रीका और महात्मा गांधी का नाता
- महात्मा गांधी को 1893 में दक्षिण अफ्रीका से सेठ अब्दुल्ला ने एक मुकदमा लड़ने के लिए बुलाया था। वहां 7 जून 1893 को पीटरमेरिट्जबर्ग स्टेशन पर अश्वेत होने के बावजूद फर्स्ट क्लास में सफर करने की वजह से उन्हें ट्रेन से धक्का देकर उतार दिया गया था।

- इसके बाद उन्होंने वहां कानून में नागरिकों के साथ भेदभाव के खिलाफ लड़ाई शुरू की। वे 1893 से लेकर 1914 तक नागरिक अधिकारों के लिए आंदोलन करते रहे। 1915 में वे भारत लौटे आए।

गांधी वॉक कमेटी ने लगातार 33वीं बार वॉक का आयोजन किया। गांधी वॉक कमेटी ने लगातार 33वीं बार वॉक का आयोजन किया।